मऊ

मऊ जनपद के कलेक्ट्रेट परिसर में सोमवार को ‘पंचायत सहायक कर्मचारी यूनियन उत्तर प्रदेश’ के बैनर तले दर्जनों पंचायत सहायकों ने अपनी पांच सूत्रीय मांगों को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। पूरी जानकारी के लिए पढ़िए वाॅइस ऑफ़ न्यूज़ 24 की खास रिपोर्ट।

मऊ जनपद के कलेक्ट्रेट परिसर में सोमवार को ‘पंचायत सहायक कर्मचारी यूनियन उत्तर प्रदेश’ के बैनर तले दर्जनों पंचायत सहायकों ने अपनी पांच सूत्रीय मांगों को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने मानदेय में बढ़ोतरी, सेवा के स्थायीकरण और राज्य कर्मचारी का दर्जा देने की मांग उठाई। प्रदर्शन के बाद प्रतिनिधियों ने शासन को संबोधित एक अल्टीमेटम ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपा।

पंचायत सहायक ऋतु मौर्य ने बताया कि 3 जून 2026 को शासन स्तर पर हुई वार्ता में पंचायती राज विभाग के प्रमुख सचिव ने समस्याओं के समाधान के लिए दो महीने का समय मांगा था। हालांकि, समयसीमा बीत जाने के बाद भी कोई ठोस आदेश जारी नहीं हुआ, जिससे कर्मचारियों में गहरा आक्रोश है।
यूनियन की मुख्य मांगें
मानदेय में वृद्धि: मानदेय बढ़ाकर ग्राम पंचायत सचिव के समकक्ष ₹30,000 प्रतिमाह किया जाए या फिर न्यूनतम कुशल मजदूरी दर लागू की जाए।
स्थायीकरण एवं दर्जा: संविदा व्यवस्था समाप्त कर स्थायी सेवा नियमावली बनाई जाए और राज्य कर्मचारी का दर्जा दिया जाए।
महिला कर्मचारियों को राहत: महिला पंचायत सहायकों के लिए मातृत्व अवकाश तथा स्थानांतरण एवं समायोजन नीति लागू हो।
भर्ती में आरक्षण: आगामी ग्राम विकास अधिकारी एवं ग्राम पंचायत अधिकारी भर्ती में 50% क्षैतिज आरक्षण मिले।
यूनियन ने शासन को एक सप्ताह का अल्टीमेटम दिया है। चेतावनी दी गई है कि यदि मांगें पूरी नहीं हुईं तो 7 सितंबर 2026 से लखनऊ के ईको गार्डेन में अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन शुरू किया जाएगा। प्रदर्शन में ऋतु मौर्य, आशीष आर्या, अश्वनी यादव, योगेंद्र राय, अनुराग रंजन, राजू कुमार, विपिन कुमार, रेखा यादव और सुप्रिया सिंह समेत कई कार्यकर्ता मौजूद रहे।
उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद में पुलिस का एक संवेदनशील और मानवीय चेहरा सामने आया है। भीषण धूप और भारी ट्रैफिक जाम के बीच फंसी एक बीमार बुजुर्ग महिला की मदद के लिए एसपी सिटी रणविजय सिंह खुद आगे आए। pic.twitter.com/dDIAIGawo5
— Voice of News 24 (@VOfnews24) August 24, 2026





















