महेशपुर (लखीमपुर खीरी)
उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी जनपद अंतर्गत महेशपुर वनरेंज क्षेत्र से इस वक्त एक बेहद खौफनाक खबर सामने आ रही है।पूरी जानकारी के लिए पढ़िए वाॅइस ऑफ़ न्यूज 24 की खास रिपोर्ट।

उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी जनपद अंतर्गत महेशपुर वनरेंज क्षेत्र से इस वक्त एक बेहद खौफनाक खबर सामने आ रही है। सोमवार दोपहर को गन्ने के खेत से अचानक निकले एक आदमखोर बाघ ने घात लगाकर एक किसान पर जानलेवा हमला कर दिया। इस हमले में किसान गंभीर रूप से घायल हो गया है। घटना के बाद से पूरे इलाके में दहशत का माहौल है, वहीं आक्रोशित ग्रामीणों ने वन विभाग की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं।
गन्ने के खेत से निकलकर बाघ ने किया हमला, मची अफरा-तफरी
मिली जानकारी के मुताबिक, हैदराबाद थाना क्षेत्र के ग्राम उदयपुर निवासी 57 वर्षीय कालीचरन पुत्र रामदयाल अपने कुछ साथियों के साथ महेशपुर-नयागांव मार्ग पर सड़क किनारे भैंस चरा रहे थे। इसी दौरान मार्ग के पास स्थित विजय वर्मा के गन्ने के घने खेत में छिपे बाघ ने अचानक कालीचरन पर हमला बोल दिया।
बाघ के अचानक हुए इस हमले से मौके पर चीख-पुकार और अफरा-तफरी मच गई। कालीचरन के साथ मौजूद अन्य साथियों और चरवाहों ने हिम्मत दिखाते हुए एकजुट होकर शोर मचाना शुरू किया, जिसके बाद बाघ घायल किसान को छोड़कर वापस गन्ने के खेतों की ओर भाग गया। बाघ के नाखूनों और दांतों से किसान के कंधे, हाथ, पेट और शरीर के अन्य हिस्सों पर गहरे जख्म आए हैं।
मौके पर पहुंचे रेंजर और पुलिस, घायल को भेजा अस्पताल
दिल दहला देने वाली इस घटना की सूचना मिलते ही महेशपुर रेंजर निर्भय प्रताप शाही वनकर्मियों की भारी टीम के साथ तत्काल मौके पर पहुंचे। वहीं, हैदराबाद थाना पुलिस भी घटनास्थल पर आ गई। लहूलुहान हालत में तड़प रहे घायल किसान कालीचरन को एम्बुलेंस की मदद से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) गोला भेजा गया, जहाँ डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद उनकी अत्यंत गंभीर हालत को देखते हुए तत्काल जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया।
घटनास्थल पर मिले बाघ के पगचिह्न, ग्रामीणों में भारी आक्रोश
महेशपुर रेंजर निर्भय प्रताप शाही ने बताया कि घटनास्थल के बारीकी से निरीक्षण के दौरान बाघ के ताजा पगचिह्न (पगमार्क) मिले हैं, जिससे बाघ की मौजूदगी की पुष्टि हो चुकी है। सुरक्षा के मद्देनजर वन विभाग की विशेष टीम को पूरे क्षेत्र में कांबिंग और निगरानी के लिए तैनात कर दिया गया है।
उधर, घटना से गुस्साए सैकड़ों ग्रामीण मौके पर जमा हो गए और उन्होंने वन विभाग पर घोर लापरवाही का आरोप लगाते हुए बाघ को पिंजरा लगाकर जल्द से जल्द पकड़ने की मांग की। ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र में गन्ने की ऊंची और घनी फसल होने के कारण बाघ लगातार रिहायशी इलाकों के करीब आ रहे हैं, जिससे किसानों का खेतों में जाना दूभर हो गया है।
वन विभाग ने जारी की सख्त एडवायजरी (अपील)
हालात की गंभीरता को देखते हुए वन विभाग और पुलिस प्रशासन ने संयुक्त रूप से पूरे क्षेत्र के लिए अलर्ट जारी किया है:
अकेले बाहर न निकलें: कोई भी ग्रामीण या किसान खेतों, जंगलों या सुनसान रास्तों पर अकेले न जाए। हमेशा समूह (4-5 लोगों की टोली) में ही बाहर निकलें।
लाठी-डंडा रखें साथ: खेतों की तरफ जाते समय अपने पास लाठी-डंडा और शोर मचाने वाले साधन जरूर रखें।
मवेशियों की सुरक्षा: रिहायशी इलाकों के पास मवेशियों को चराते समय विशेष सतर्कता बरतें।
प्रशासन ने अपील की है कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि या बाघ के दिखने पर खुद कोई कदम उठाने के बजाय तुरंत वन विभाग या स्थानीय पुलिस को सूचित करें। फिलहाल पुलिस और वन विभाग की टीमें इलाके में लगातार गश्त कर स्थिति पर कड़ी नजर बनाए हुए हैं।
महराजगंज जनपद के बृजमनगंज थाना क्षेत्र में रेलवे ट्रैक के किनारे एक अज्ञात युवक के गंभीर रूप से घायल अवस्था में मिलने से हड़कंप मच गया है। युवक की नाजुक हालत को देखते हुए जिला अस्पताल से उसे गोरखपुर मेडिकल कॉलेज के लिए रेफर कर दिया गया है। पुलिस फिलहाल युवक की शिनाख्त की pic.twitter.com/aigOaDKK9b
— Voice of News 24 (@VOfnews24) June 29, 2026













