महराजगंज
महराजगंज भीषण गर्मी और उमस के बीच पिछले दो सप्ताह से जारी अघोषित बिजली कटौती को लेकर मिठौरा विकास खंड के ग्राम पंचायत सिंदुरिया के युवाओं का धैर्य आखिरकार शनिवार को टूट गया।पूरी जानकारी के लिए पढ़िए वाॅइस ऑफ़ न्यूज़ 24 की खास रिपोर्ट।

महराजगंज भीषण गर्मी और उमस के बीच पिछले दो सप्ताह से जारी अघोषित बिजली कटौती को लेकर मिठौरा विकास खंड के ग्राम पंचायत सिंदुरिया के युवाओं का धैर्य आखिरकार शनिवार को टूट गया। रात के समय लगातार बाधित हो रही विद्युत आपूर्ति से नाराज बड़ी संख्या में ग्रामीणों और युवाओं ने विद्युत विभाग के कार्यालय पर प्रदर्शन किया और अधिशासी अभियंता को ज्ञापन सौंपकर नियमित बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने की पुरजोर मांग की।
उमस भरी गर्मी में कटी रातें, जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त
ज्ञापन सौंपने पहुंचे ग्रामीणों ने बताया कि पिछले करीब 15 दिनों से क्षेत्र में बिजली की आंख-मिचौली का खेल जारी है। खासकर रात के समय बार-बार होने वाली अघोषित कटौती ने लोगों की नींद हराम कर दी है। उमस भरी गर्मी के कारण घरों में छोटे बच्चों, बुजुर्गों और गंभीर रूप से बीमार मरीजों को सबसे ज्यादा कष्ट उठाना पड़ रहा है। युवाओं ने विभागीय अधिकारियों पर उदासीनता का आरोप लगाते हुए कहा कि स्थानीय स्तर पर कई बार शिकायत करने के बावजूद बिजली आपूर्ति के शेड्यूल में कोई सुधार नहीं किया गया, जिससे ग्रामीणों में भारी आक्रोश है।
युवाओं के नेतृत्व में एकजुट हुए ग्रामीण, शीघ्र समाधान का मिला आश्वासन
यह प्रदर्शन विजय यादव और लक्की गुप्ता के नेतृत्व में आयोजित किया गया। युवाओं ने अधिशासी अभियंता को शिकायती पत्र सौंपते हुए रात की कटौती को तत्काल बंद करने की मांग की। मामले की गंभीरता और युवाओं के आक्रोश को देखते हुए अधिशासी अभियंता ने पूरी समस्या का तत्काल संज्ञान लिया। उन्होंने ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि तकनीकी कमियों को जल्द से जल्द दूर कर क्षेत्र में सुचारू और नियमित विद्युत आपूर्ति बहाल की जाएगी।
समस्या दूर न होने पर उग्र आंदोलन की दी चेतावनी
अधिकारियों से आश्वासन मिलने के बाद भी ग्रामीणों ने दो टूक शब्दों में चेतावनी दी कि यदि अगले कुछ दिनों के भीतर अघोषित बिजली कटौती पर प्रभावी रोक नहीं लगी, तो सिंदुरिया और आसपास के गांवों के लोग सड़कों पर उतरकर व्यापक जनआंदोलन शुरू करने के लिए बाध्य होंगे। ग्रामीणों ने स्पष्ट किया कि यदि ऐसी स्थिति बनती है, तो उसकी पूरी जिम्मेदारी विद्युत विभाग के आलाधिकारियों की होगी।
इस दौरान ज्ञापन देने वाले प्रतिनिधिमंडल में मुख्य रूप से एडवोकेट संदीप चौधरी, विक्की गुप्ता, मंजेश यादव सहित भारी संख्या में स्थानीय ग्रामीण और युवा उपस्थित रहे।
बलिया: रेवती कांड पर गरमाई राजनीति, सपा ने पीड़ित परिवार के लिए की ₹1 करोड़ व सरकारी नौकरी की मांग; आरोपी पक्ष ने CCTV फुटेज जारी कर दी बेगुनाही की दलीलhttps://t.co/JYJP6QeI80
— Voice of News 24 (@VOfnews24) July 18, 2026













