सिद्धार्थनगर
सिद्धार्थनगर उत्तर प्रदेश सरकार की मंशा के अनुरूप जनसमस्याओं के त्वरित, पारदर्शी और प्रभावी निस्तारण के लिए शनिवार को तहसील नौगढ़ के सभागार में ‘सम्पूर्ण समाधान दिवस’ का भव्य आयोजन किया गया।पूरी जानकारी के लिए पढ़िए वाॅइस ऑफ़ न्यूज़ 24 की खास रिपोर्ट।

सिद्धार्थनगर उत्तर प्रदेश सरकार की मंशा के अनुरूप जनसमस्याओं के त्वरित, पारदर्शी और प्रभावी निस्तारण के लिए शनिवार को तहसील नौगढ़ के सभागार में ‘सम्पूर्ण समाधान दिवस’ का भव्य आयोजन किया गया। इस जनसुनवाई की अध्यक्षता खुद जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जीएन ने की, जबकि पुलिस अधीक्षक डॉ. अभिषेक महाजन भी इस दौरान विशेष रूप से उपस्थित रहे। दोनों शीर्ष अधिकारियों ने दूर-दराज से आए फरियादियों की समस्याओं को एक-एक कर बेहद गंभीरता से सुना और उनके निस्तारण के लिए मातहतों को कड़े दिशा-निर्देश जारी किए।
कुल 38 शिकायतें आईं सामने, राजस्व के मामलों की रही भरमार
शनिवार को आयोजित इस समाधान दिवस में विभिन्न विभागों से जुड़े कुल 38 प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए। इनमें सबसे अधिक मामले भूमि विवाद और राजस्व विभाग से संबंधित रहे। शिकायतों का विवरण निम्नवत है
राजस्व विभाग: 30 शिकायतें
पुलिस विभाग: 02 शिकायतें
नगर पालिका: 03 शिकायतें
अन्य विभाग: 03 शिकायतें
प्राप्त हुई शिकायतों में से एक राजस्व मामले का मौके पर ही दोनों पक्षों को सुनकर अंतिम निस्तारण करा दिया गया। वहीं, शेष बचे 37 मामलों की गंभीरता को देखते हुए जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को अधिकतम 3 दिन के भीतर हर हाल में गुणवत्तापूर्ण निस्तारण करने की समय-सीमा (डेडलाइन) तय की है।
आईजीआरएस और लंबित मामलों पर डीएम सख्त, दिए टीम गठित करने के निर्देश
जनसुनवाई के दौरान जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जीएन ने पिछले समाधान दिवसों में मिली शिकायतों और मुख्यमंत्री संदर्भ पोर्टल पर दर्ज मामलों की समीक्षा की। निस्तारण की धीमी प्रगति पर नाराजगी जाहिर करते हुए उन्होंने कई विवादित मामलों में जिला स्तरीय संयुक्त टीम गठित कर मौके पर जाकर हकीकत परखने के निर्देश दिए।
डीएम ने सख्त लहजे में चेतावनी देते हुए कहा
“तहसील समाधान दिवस या आईजीआरएस पोर्टल की कोई भी शिकायत समय-सीमा के बाहर लंबित नहीं रहनी चाहिए। यदि किसी भी अधिकारी या कर्मचारी के स्तर पर लापरवाही या टालमटोल की पुष्टि हुई, तो उसके विरुद्ध तत्काल प्रभाव से कठोर दंडात्मक व विभागीय कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।”
इसके साथ ही उन्होंने क्षेत्र के सभी कानूनगो (राजस्व निरीक्षकों) और लेखपालों को अपने-अपने क्षेत्रों में ‘भूमि संपत्ति’ और ‘भूमि विवाद रजिस्टर’ को अनिवार्य रूप से तैयार रखने और उसे अपडेट करने के निर्देश दिए।
अधिकारियों ने किया पौधरोपण, दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश
समाधान दिवस की कार्यवाही समाप्त होने के उपरांत पर्यावरण संवर्धन और हरित सिद्धार्थनगर के संकल्प को आगे बढ़ाते हुए एक विशेष पहल की गई। जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जीएन, पुलिस अधीक्षक डॉ. अभिषेक महाजन और प्रभागीय वनाधिकारी नीला एम. ने संयुक्त रूप से तहसील परिसर में छायादार पौधों का रोपण किया। अधिकारियों ने उपस्थित प्रशासनिक अमले और आम जनता से अपील की कि वे मानसून के इस मौसम में अधिक से अधिक पौधे लगाएं और उनकी सुरक्षा का जिम्मा उठाएं।
इस अवसर पर उपजिलाधिकारी नौगढ़, तहसीलदार, विकास खंड के खंड विकास अधिकारी , तहसील क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले थानों के सभी थानाध्यक्ष सहित विभिन्न विभागों के जिला व तहसील स्तरीय अधिकारी और कर्मचारी मुख्य रूप से उपस्थित रहे।
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— Voice of News 24 (@VOfnews24) July 18, 2026












