बुलंदशहर
भारतीय किसान संघ उत्तर प्रदेश की तीन दिवसीय प्रतिनिधि सभा 12 से 14 जून 2025 तक राज्य कृषि प्रबंध संस्थान, रहमान खेड़ा, लखनऊ में सफलतापूर्वक संपन्न हुई।पूरी जानकारी के लिए पढ़िए वाॅइस ऑफ़ न्यूज 24 की खास रिपोर्ट।

भारतीय किसान संघ उत्तर प्रदेश की तीन दिवसीय प्रतिनिधि सभा 12 से 14 जून 2025 तक राज्य कृषि प्रबंध संस्थान, रहमान खेड़ा, लखनऊ में सफलतापूर्वक संपन्न हुई। सभा में प्रदेशभर से आए पदाधिकारियों ने संगठन विस्तार, किसानों की समस्याओं और कृषि नीति पर विस्तार से चर्चा की।
सभा का शुभारंभ ध्वजारोहण और द्वीप प्रज्वलन के साथ किया गया। मंच पर प्रदेश अध्यक्ष भैया राम मौर्य जी, अखिल भारतीय सम्पर्क प्रमुख RSS पालक अधिकारी राम लाल जी, अखिल भारतीय संगठन मंत्री दिनेश दतात्रेय कुलकर्णी , प्रदेश संगठन मंत्री शिवकांत दीक्षित, प्रदेश महामंत्री राज सिंह चौहान , प्रदेश उपाध्यक्ष काशी नाथ और हरि बहादुर सिंह उपस्थित रहे।
सभा के प्रथम सत्र में प्रदेश महामंत्री राज सिंह चौहान ने संगठनात्मक प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। उन्होंने पिछले वर्ष दिवंगत हुए कार्यकर्ताओं को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए संगठन की कार्य प्रगति और उपलब्धियों की विस्तृत जानकारी दी।
अखिल भारतीय सम्पर्क प्रमुख राम लाल जी ने अपने संबोधन में कहा कि “भारत जब विश्वगुरु और सोने की चिड़िया कहलाता था, तब उसकी अर्थव्यवस्था कृषि आधारित थी। आज भी भारत की 60 प्रतिशत आबादी कृषि पर निर्भर है। कृषि के बिना भारत का विश्वगुरु बनना संभव नहीं है।”
किसानों की समस्याओं पर विशेष सत्र में उत्तर प्रदेश सरकार के कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही की उपस्थिति में प्रदेश के सभी महामंत्रियों ने अपने-अपने क्षेत्र की प्रमुख समस्याएं रखीं। बुलंदशहर से गंगा एक्सप्रेसवे को जेवर एयरपोर्ट से जोड़ने वाले ग्रीन लिंक एक्सप्रेसवे में ली जा रही भूमि का मुआवजा बढ़ाने की मांग रखी गई। साथ ही स्याना क्षेत्र में सूख रहे आम के बागों की वैज्ञानिक जांच कराकर समस्या के समाधान की मांग की गई। प्रदेश स्तर पर प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि को 6,000 रुपये से बढ़ाकर 12,000 रुपये करने, गौतम बुद्ध नगर में सभी अथॉरिटी का मुआवजा समान करने, अधिग्रहित जमीन वाले किसानों को विकसित जमीन देने और उनके बच्चों को नौकरी उपलब्ध कराने की मांग भी उठाई गई। प्रदेश में खाद और बीज की अव्यवस्था का मुद्दा भी मंत्री के समक्ष रखा गया। कृषि मंत्री ने सभी बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा कर शीघ्र समाधान का आश्वासन दिया।

प्रदेश संगठन मंत्री शिवकांत दीक्षित ने कहा कि किसानों की समस्याओं के समाधान में अब केवल आश्वासन नहीं, ठोस कार्य की आवश्यकता है।
सभा के द्वितीय दिवस पर संगठन विस्तार, ग्राम समिति प्रशिक्षण, आयाम गतिविधि, अखिल भारतीय अधिकारी प्रवास, प्रांत कार्यकारिणी प्रवास और आगामी सदस्यता अभियान की तैयारी पर गहन विचार-विमर्श किया गया।
इस प्रतिनिधि सभा में उत्तर प्रदेश कार्यकारिणी, सभी प्रांत कार्यकारिणी, जिला अध्यक्ष, जिला मंत्री और जिला कोषाध्यक्ष उपस्थित रहे। बुलंदशहर से जिला अध्यक्ष महेश चंद लोधी, जिला मंत्री पुष्पेंद्र त्यागी और जिला कोषाध्यक्ष विजय गुप्ता ने भाग लिया।













