मेरठ में ‘कोल्ड टॉर्चर’: 15 साल का टूटा रिकॉर्ड, न्यूनतम तापमान 4.6 डिग्री तक गिरा!

मेरठ

वेस्ट यूपी में कुदरत का कहर जारी है। पहाड़ों पर हो रही बर्फबारी ने मेरठ को ‘शिमला’ बना दिया है।पूरी जानकारी के पढ़िए वाॅयस ऑफ़ न्यूज 24 की खास रिपोर्ट।

वेस्ट यूपी में कुदरत का कहर जारी है। पहाड़ों पर हो रही बर्फबारी ने मेरठ को ‘शिमला’ बना दिया है।गुरुवार सुबह न्यूनतम तापमान 4.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो इस मौसम की सबसे ठंडी रात रही।जिसने पिछले डेढ़ दशक (15 साल) के रिकॉर्ड ध्वस्त कर दिए हैं। शीतलहर और कोहरे के मेल ने जनजीवन की रफ्तार पर ब्रेक लगा दिया है।

15 साल का सबसे ठंडा क्रिसमस

चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय की मौसम वेधशाला के आंकड़ों ने सबको चौंका दिया है। वर्ष 2025 का क्रिसमस बीते 15 वर्षों में सबसे ठंडा रहा।

पारा लुढ़का: न्यूनतम तापमान में 5.8 डिग्री की भारी गिरावट दर्ज की गई, जिससे पारा 4.6 डिग्री सेल्सियस तक जा पहुंचा।

अधिकतम तापमान: दिन का तापमान भी 17.9 डिग्री सेल्सियस पर सिमट गया, जिसके कारण दिनभर ठिठुरन बनी रही।

कोहरे की कैद में हाईवे, थम गई रफ्तार

गुरुवार की सुबह मेरठ ‘जीरो विजिबिलिटी’ की स्थिति में रहा। शहर से लेकर हाईवे तक घना कोहरा छाया रहा। लाइट जलाकर रेंगते वाहन और ठिठुरते लोग सड़क पर संघर्ष करते दिखे। दोपहर 12 बजे के बाद सूरज के दर्शन जरूर हुए, लेकिन बर्फीली हवाओं ने धूप की तपिश को बेअसर कर दिया।

डबल अटैक: ठंड के साथ ‘दमघोंटू’ हुई हवा

मेरठ वासियों के लिए मुसीबत सिर्फ ठंड नहीं है। कोहरे और प्रदूषण के मिश्रण (Smog) ने शहर की हवा को जहरीला बना दिया है।

AQI का स्तर: शहर का वायु गुणवत्ता सूचकांक 218 से उछलकर 246 तक पहुंच गया है।

स्वास्थ्य चेतावनी: डॉक्टरों ने बुजुर्गों और सांस के मरीजों को सुबह-शाम घर के अंदर रहने की सलाह दी है।

अभी और सताएगी सर्दी: मौसम विभाग की चेतावनी

कृषि विश्वविद्यालय के मौसम वैज्ञानिक डॉ. यूपी शाही के मुताबिक, अभी राहत के आसार नहीं हैं।

“आने वाले दिनों में तापमान में और भी गिरावट आ सकती है। नया साल कड़ाके की ठंड और घने कोहरे के साथ शुरू होने की संभावना है।”

 

Voice Of News 24