बुलंदशहर
बुलंदशहर के एक युवक को पुलिस की मदद से सकुशल वापस लाया गया है। पुलिस की जानकारी के अनुसार बुलंदशहर निवासी साहब रिजवी को एजेंटों ने कंप्यूटर ऑपरेटर की नौकरी दिलाने के नाम पर थाईलैंड के रास्ते मलेशिया भेज दिया था। आरोप है कि विदेश पहुंचते ही उनका पासपोर्ट जब्त कर लिया गया और उनसे कंप्यूटर का काम न कराकर टॉयलेट की सफाई करवाई जाने लगी।
परिजनों की शिकायत पर बुलंदशहर के SSP दिनेश कुमार सिंह ने मामले को गंभीरता से लिया। SSP के निर्देश पर साइबर टीम ने विदेश मंत्रालय से पत्राचार कर मामले में हस्तक्षेप किया। जिसके बाद साहब रिजवी को सकुशल अपने मुल्क वापस लाया जा सका।
साहब रिजवी अपनी पत्नी के साथ SSP कार्यालय पहुंचे और बुलंदशहर पुलिस का धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि पुलिस की मदद से ही वह वापस अपने घर लौट पाए हैं।
पुलिस ने लोगों से अपील की है कि विदेश में नौकरी के नाम पर किसी भी तरह के अवैध डंकी रूट और फर्जी एजेंटों के झांसे में न आएं। पहले कंपनी और वीजा का पूरा वेरिफिकेशन कर लें।












