बुलंदशहर
बुलंदशहर जनपद के बुगरासी कस्बे और ग्रामीण क्षेत्रों के बिजली उपभोक्ताओं व अन्नदाताओं के लिए मुसीबत का सबब बने विद्युत विभाग के एसडीओ प्रवीण कुमार वर्मा के खिलाफ अब आंदोलन की चिंगारी सुलगने लगी है।पूरी जानकारी के लिए पढ़िए वाॅइस ऑफ़ न्यूज 24 की खास रिपोर्ट।

बुलंदशहर जनपद के बुगरासी कस्बे और ग्रामीण क्षेत्रों के बिजली उपभोक्ताओं व अन्नदाताओं के लिए मुसीबत का सबब बने विद्युत विभाग के एसडीओ प्रवीण कुमार वर्मा के खिलाफ अब आंदोलन की चिंगारी सुलगने लगी है। एसडीओ पर लगातार किसानों व आम जनता के साथ बदतमीजी, गाली-गलौज करने और बिना रिश्वत लिए कोई भी वैध कार्य न करने के गंभीर आरोप लगे हैं। हैरान करने वाली बात यह है कि एसडीओ की इस विवादित कार्यशैली और अभद्र व्यवहार से न केवल जनता, बल्कि स्वयं बिजली विभाग का स्थानीय स्टाफ भी बेहद त्रस्त और परेशान बताया जा रहा है।

जेल भेजने और झूठे मुकदमों में फंसाने की देते हैं धमकी
स्थानीय किसानों और उपभोक्ताओं का आरोप है कि जब भी वे अपनी समस्याओं या बिजली संकट को लेकर एसडीओ प्रवीण कुमार वर्मा को फोन करते हैं, तो वे सीधे मुंह बात करने के बजाय उन्हें जेल भेजने और झूठे मुकदमों में फंसाकर करियर बर्बाद करने की धमकियां देते हैं। किसानों का यह भी आरोप है कि विभाग के कुछ उच्चाधिकारियों से कथित साठगांठ होने के चलते अब तक इस भ्रष्ट कार्यशैली पर कोई अंकुश नहीं लगाया जा सका है, जिससे अधिकारी के हौसले बुलंद हैं।
किसान यूनियन और समाजसेवियों ने संभाला मोर्चा
एसडीओ की इस तानाशाही के खिलाफ भारतीय किसान यूनियन अराजनेतिक के युवा जिला अध्यक्ष ठाकुर शैलेंद्र आर्य और क्षेत्र के युवा समाजसेवी आशु खान ने मोर्चा खोल दिया है। दोनों युवा नेताओं ने कड़े शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा कि अन्नदाताओं का उत्पीड़न और सरेआम रिश्वतखोरी अब किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
जिलाधिकारी को सौंपा सख्त ज्ञापन
मामले की गंभीरता को देखते हुए भारतीय किसान यूनियन अराजनेतिक के युवा जिला अध्यक्ष ठाकुर शैलेंद्र आर्य और समाजसेवी आशु खान के संयुक्त नेतृत्व में दर्जनों किसानों ने जिला मुख्यालय पहुंचकर जिलाधिकारी बुलंदशहर को एक सख्त मांग पत्र (ज्ञापन) सौंपा।
संगठन के पदाधिकारियों और स्थानीय समाजसेवियों ने दो टूक शब्दों में जिला प्रशासन को चेताया है कि यदि जनविरोधी और भ्रष्ट आचरण में लिप्त इस एसडीओ को तुरंत प्रभाव से पद से हटाकर बर्खास्त नहीं किया गया, तो भारतीय किसान यूनियन (अराजनेतिक) क्षेत्र के किसानों को एकजुट कर बिजली विभाग के खिलाफ एक बड़ा और उग्र आंदोलन शुरू करने के लिए विवश होगी, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।
बिजली विभाग में की चली तबादला एक्सप्रेस pic.twitter.com/xY7xqaQOJL
— Voice of News 24 (@VOfnews24) May 22, 2026























