महराजगंज: कड़ाके की ठंड ने बढ़ाई मुसीबत; बच्चे और बुजुर्ग ‘कोल्ड अटैक’ की चपेट में, जिला अस्पताल अलर्ट

महराजगंज

महराजगंज जनपद में पिछले कुछ दिनों से जारी शीतलहर और गिरते तापमान ने आम जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया है।पूरी जानकारी के पढ़िए वाॅयस ऑफ़ न्यूज 24 की खास रिपोर्ट।

महराजगंज जनपद में पिछले कुछ दिनों से जारी शीतलहर और गिरते तापमान ने आम जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया है। बर्फीली हवाओं के कारण कड़ाके की ठंड पड़ रही है, जिसका सबसे घातक असर छोटे बच्चों और बुजुर्गों के स्वास्थ्य पर देखने को मिल रहा है।

अस्पतालों में बढ़ी मरीजों की संख्या

ठंड का प्रकोप बढ़ने के साथ ही जिला अस्पताल सहित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर मरीजों की लंबी कतारें लग रही हैं। सुबह और रात के समय तापमान में भारी गिरावट के कारण बच्चे बुखार, खांसी, निमोनिया और जुकाम की चपेट में आ रहे हैं। परिजन बच्चों को लेकर बड़ी संख्या में ओपीडी में पहुँच रहे हैं।

सांस के मरीजों के लिए बढ़ा जोखिम

जिला अस्पताल के मुख्य चिकित्साधीक्षक डॉ. ए.के. द्विवेदी ने बताया कि वर्तमान में अस्पताल में सांस लेने में दिक्कत और अस्थमा से पीड़ित बुजुर्गों की संख्या में इजाफा हुआ है। ठंड के कारण अन्य सामान्य बीमारियों के मरीज तो कम हुए हैं, लेकिन ‘कोल्ड’ से संबंधित केस तेजी से बढ़े हैं।

चिकित्सकों की सलाह: बरते ये सावधानियां

चिकित्सकों ने अभिभावकों और बुजुर्गों को इस मौसम में विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी है:

गर्म कपड़ों का प्रयोग: बच्चों को हमेशा ऊनी कपड़े और सिर पर टोपी पहनाकर रखें।

ठंडे पानी से बचाव: नहाने और पीने के लिए गुनगुने पानी का प्रयोग करें।

खानपान: ताजा और गर्म भोजन ही लें, ठंडी चीजों से परहेज करें।

सीमित बाहर निकलना: सुबह और देर रात की बर्फीली हवाओं के संपर्क में आने से बचें।

अस्पताल में दवाओं की पर्याप्त उपलब्धता

सीएमएस डॉ. ए.के. द्विवेदी ने जनता को आश्वस्त करते हुए कहा कि जिला अस्पताल में ठंड से जुड़ी बीमारियों की आवश्यक दवाओं का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है। उन्होंने अपील की है कि यदि किसी भी बच्चे या बुजुर्ग को सांस लेने में समस्या या लगातार खांसी हो, तो घरेलू उपचार के बजाय तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करें।

 

Voice Of News 24 

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