Voice Of News 24
14 Oct 2023 00:29PM
जब पुलिस ही तस्करों को राह बताये तो क्या हो भाई?चार पुलिस वालों का गिरा विकेट,SP की बड़ी कार्यवाही,पढ़िये पूरी खबर….
महराजगंज
महराजगंज पुलिस विभाग के अधिकारियों की तबादलों की करवटों का बदलना अभी विराम क्या लिया तो इधर चार चौपट पुलिस वाले बड़ा खेल कर बैठे।महराजगंज की पुलिस फिर सवालों के घेरे मे आकर खड़ी हो गई।ताजा मामला सुलग गया जिले के परतावल से जहाँ नेपाल से तस्करी कर लाई जा रही भारी मात्रा में चरस में चार पुलिस वाले ही हिस्सेदार निकल गए।लगे आरोपों में पता चला कि परतावल के तस्करो को पकड़ने के बाद उन्हें ये चार पुलिस वाले हरी झंडी दिखाकर रवाना कर दिए।
कभी-कभी अपने ही दाँत अपने जीभ जो काट लेते हैं?कुछ ऐसा ही हुआ पुलिस वालों के साथ
भारत-नेपाल के अंतरराष्ट्रीय सीमा पर बसा महराजगंज जिला तस्करो और तस्करी का खूब पैमाना तय करता है।कभी-कभी पुलिस पकड़ पीठ थपथपा लेती है तो कभी यही पुलिस वाले तस्करो औऱ मोटे रकम की लालच में अपने पीठ पर बदनामी का बोझ लाद लेते हैं जिससे पुलिसिया इकबाल दाँव पर लग जाती है।चरसी तस्करो को पकड़कर छोड़ने के मामले में चार पुलिसकर्मियों-SI विपेंद्र मल्ल, तीन हेड कॉन्स्टेबल आशुतोष सिंह, कृष्ण कुमार सिंह और विद्यासागर को SP ने अनुशासनहीनता और पद की गरिमा का गलत इस्तेमाल करने को लेकर निलंबित कर दिया है।

तस्करों का साथ देने से फुर्सत मिले तो करे कुछ काम,लेहड़ा जंगल में युवक को गोली मारकर दो लाख की लूट में लगी हैं ज़िले की चार टीमें,अभी तक नही हो सका पर्दाफाश
इसी हफ्ते गोरखपुर से बृजमनगंज जाते समय जंगल में बाइक सवार बदमाशों ने एक युवक को गोली मार कर दो लाख रुपये लूट लिए। वारदात के बाद बदमाश फरार हो गए। घायल को गोरखपुर के मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है। मामले का पर्दाफाश करने के लिए पुलिस की चार टीमें लगी हैं।लेकिन अभी भी महराजगंज पुलिस हवा में तीर चला रही है।
गोरखपुर थाना क्षेत्र के शास्त्रीनगर निवासी अभिमन्यु यादव साथी रामआशीष साहनी के साथ गोरखपुर से बृजमनगंज की तरफ जा रहे थे। मंगलवार की सुबह करीब आठ बजे फरेंदा – बृजमनगंज जंगल में स्थित बृजमनगंज थाना क्षेत्र के समय माता स्थान के करीब से रुपयों से भरा बैग लेकर फरार हो गए।अब पुलिस वालों से आप क्या-क्या उम्मीद रखेंगे? या तो तस्करो को रास्ता दिखाये या फिर लुटपाट को बचाए।यह कहना लाजमी होगा कि महराजगंज जिले में कानून का खौफ और दबदबा घटता जा रहा है।























