जौनपुर
नगर पालिका परिषद के लेखाकार श्रेणी-2 के खिलाफ सर्विस बुक (सेवा पुस्तिका) के सरकारी अभिलेखों में कथित कूटकरण, जालसाजी और जन्मतिथि में फेरबदल कर सेवा जारी रखने के आरोप में कोतवाली थाने में एक गंभीर मुकदमा दर्ज किया गया है। यह कार्रवाई अधिशासी अधिकारी (ईओ) धर्मराज राम द्वारा नामित प्रवर लेखाकार/लेखा लिपिक मनोज कुमार चौरसिया की तहरीर पर की गई है। आरोप है कि लेखाकार श्रेणी-2 संजय कुमार जैन ने अपनी जन्मतिथि से जुड़े दस्तावेजों में भ्रामक जानकारी देकर विभाग से अनुचित लाभ लेने का प्रयास किया।
जन्मतिथि में विसंगति और सेवानिवृत्ति के बाद भी वेतन का प्रयास
पुलिस को दी गई तहरीर के अनुसार, आरोपी लेखाकार की सेवा पुस्तिका और सरकारी ‘मानव संपदा पोर्टल’ पर उनकी जन्मतिथि 15 अप्रैल 1964 दर्ज है। इसके विपरीत, उनके पहचान पत्रों (पैन कार्ड व अन्य) में जन्मतिथि 15 अप्रैल 1966 अंकित पाई गई।
शिकायत में आरोप लगाया गया है कि मूल सेवा पुस्तिका के रिकॉर्ड के अनुसार आरोपी लेखाकार की अधिवर्षिता (सेवानिवृत्ति की आयु) 30 अप्रैल 2024 को ही पूरी हो चुकी थी। इसके बावजूद, उन्होंने सेवा में बने रहने और अवैध रूप से सरकारी धन (वेतन) प्राप्त करने का प्रयास किया।
बीएनएस की गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज, जांच शुरू
अभिलेखों में हेराफेरी और धोखाधड़ी के इस मामले को गंभीरता से लेते हुए कोतवाली पुलिस ने आरोपी लेखाकार संजय कुमार जैन के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता (BNS) की सुसंगत धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है:
पंजीकृत धाराएं: धारा 319(2), 318(4), 338, 336(3) एवं 340(2) बीएनएस।
जांच अधिकारी: मामले की निष्पक्ष व विस्तृत विवेचना चौकी प्रभारी सिपाह आलोक त्रिपाठी को सौंपी गई है।
नगर पालिका प्रशासन का कहना है कि सरकारी अभिलेखों के साथ किसी भी प्रकार का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और पुलिस जांच रिपोर्ट के आधार पर आरोपी के खिलाफ विभागीय व विधिक कार्रवाई को आगे बढ़ा
या जाएगा।












