डिबाई (बुलंदशहर)
बुलंदशहर जनपद में नववर्ष के आगमन पर जहां लोग उत्सव मना रहे हैं, वहीं डिबाई क्षेत्र के राजघाट गंगातट पर युवाओं और स्वयंसेवकों ने मां गंगा की सेवा का अनूठा संकल्प लिया।पूरी जानकारी के पढ़िए वाॅयस ऑफ़ न्यूज 24 की खास रिपोर्ट।

बुलंदशहर जनपद में नववर्ष के आगमन पर जहां लोग उत्सव मना रहे हैं, वहीं डिबाई क्षेत्र के राजघाट गंगातट पर युवाओं और स्वयंसेवकों ने मां गंगा की सेवा का अनूठा संकल्प लिया। रविवार को गंगा प्रहरी, विभिन्न संगठनों और ट्रस्टों के प्रतिनिधियों ने मिलकर वृहद स्वच्छता अभियान चलाया और श्रद्धालुओं को जागरूक किया।
हर रविवार को संवरेंगे बुलंदशहर के 13 गंगा घाट
अभियान का नेतृत्व कर रहे गंगा वॉरियर्स के संस्थापक आर्यन गौड़ (कर्णवास) ने एक बड़ी घोषणा की। उन्होंने बताया कि इस वर्ष से प्रत्येक रविवार को जनपद के सभी 13 गंगा घाटों और मुख्य 9 गांवों में निरंतर स्वच्छता अभियान चलाया जाएगा।
गंगा चौपाल: गंगा किनारे बसे गांवों में ‘गंगा चौपाल’ लगाकर ग्रामीणों को नदी प्रदूषण के खतरों के प्रति जागरूक किया जाएगा।
धार्मिक अपील: पूजा सामग्री और प्लास्टिक विसर्जन को रोकने के लिए क्षेत्रीय कथा वाचकों और पंडा समाज से भी सहयोग मांगा जाएगा ताकि वे अपने स्तर पर भक्तों को प्रेरित करें।
गंगा संरक्षण और पर्यावरण का संदेश
रामघाट निवासी निखिल कुमार ने ‘नमामि गंगे’ और ‘गंगा सेवा जलज परियोजना’ के महत्व को साझा करते हुए कहा कि गंगा केवल एक नदी नहीं, बल्कि हमारी सभ्यता का आधार है। वहीं, चंदौसी पेड़ वाला ट्रस्ट के शिवम अग्रवाल ने गंगा की स्वच्छता के साथ-साथ वृक्षारोपण पर भी जोर दिया। उन्होंने अपील की कि वातावरण को शुद्ध रखने के लिए हर व्यक्ति को अपने घर के बाहर कम से कम एक पेड़ जरूर लगाना चाहिए।
युवा शक्ति ने दिखाया दम
इस अभियान में भारी संख्या में युवाओं और छात्राओं ने हिस्सा लिया। श्याम सेवा मंडल के संस्थापक पवन शर्मा और राजघाट युवा संगठन के सदस्यों ने गंगा तट से भारी मात्रा में कूड़ा और प्लास्टिक कचरा एकत्र किया।
अभियान में शामिल प्रमुख नाम: इस सेवा कार्य में माधव शर्मा, हर्ष भारद्वाज, आशु यादव, राहुल रावल, लोकेश माथुर, लोकेश केवट, छोटू प्रजापति, सोनू कुमार, निशांत यादव, कपिल गौतम, लोकेश गौतम, साक्षी शर्मा, प्राची शर्मा, अंशिका ठाकुर, कन्हैया कोली, दिव्यांशी शर्मा, अक्षित अग्रवाल, अर्जुन शर्मा, मुदित सक्सेना, लक्ष्य गौड़ और देव वार्ष्णेय जैसे दर्जनों स्वयंसेवकों ने अपना श्रमदान दिया।
कल तक राष्ट्रपति थे और आज इस तरह लाचार! मादुरो और उनकी पत्नी को न्यूयॉर्क के DEA दफ़्तर में यूँ पेश किया गया pic.twitter.com/cnfmfbO5gR
— Voice of News 24 (@VOfnews24) January 4, 2026






















