इटवा
अग्निशमन विभाग द्वारा जन-जागरूकता अभियान के तहत आज शनिवार को सिद्धार्थनगर जनपद के इटवा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में एक विशेष मॉक ड्रिल और प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया।पूरी जानकारी के लिए पढ़िए वाॅइस ऑफ़ न्यूज 24 की खास रिपोर्ट।

अग्निशमन विभाग द्वारा जन-जागरूकता अभियान के तहत आज शनिवार को सिद्धार्थनगर जनपद के इटवा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में एक विशेष मॉक ड्रिल और प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। उच्चाधिकारियों के निर्देश पर आयोजित इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य अस्पताल के डॉक्टरों, पैरामेडिकल स्टाफ और आम नागरिकों को आगजनी की आकस्मिक घटनाओं से निपटने के तरीकों के प्रति जागरूक करना और आपदा के समय जान-माल के नुकसान को रोकना था।
अग्निशमन दल ने दिए लाइव डेमो और बचाव के तरीके
मॉक ड्रिल के दौरान अग्निशमन विभाग के फायरमैन अनिल कुमार ने उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए आग पर त्वरित काबू पाने के विभिन्न उपायों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि विभाग द्वारा सार्वजनिक व संवेदनशील स्थानों पर लगातार ऐसे जागरूकता कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं।
इसके साथ ही फायर चालक अनिल कुमार यादव और फायरमैन अमरजीत, कर्मवीर व सुधीर की टीम ने अस्पताल स्टाफ को आग लगने की स्थिति में अपनाए जाने वाले सुरक्षा मानकों का लाइव प्रदर्शन कर समझाया।
संकट के समय ‘संयम, धैर्य और आत्मविश्वास’ ही सबसे बड़ा हथियार
अग्निशमन दल के विशेषज्ञों ने डॉक्टरों और तीमारदारों को महत्वपूर्ण सुझाव देते हुए कहा:
“आग लगने जैसी आपातकालीन स्थिति में कभी भी घबराना नहीं चाहिए। ऐसे समय में संयम, धैर्य और आत्मविश्वास बनाए रखना सबसे जरूरी है। आग की सूचना मिलते ही बिना समय गंवाए तुरंत फायर ब्रिगेड (101) और स्थानीय पुलिस प्रशासन (112) को सूचित करें।”
फायर ब्रिगेड की गाड़ी के लिए रास्ता छोड़ने की अपील
अग्निशमन दल ने आम जनता और वाहन चालकों से विशेष आग्रह किया कि जब भी फायर सर्विस की गाड़ियां हूटर बजाते हुए निकलें, तो उन्हें प्राथमिकता के आधार पर तत्काल रास्ता साफ कर देना चाहिए, क्योंकि आपदा प्रबंधन में एक-एक सेकंड कीमती होता है।
सीएचसी अधीक्षक सहित कई जिम्मेदार रहे मौजूद
इटवा सीएचसी परिसर में आयोजित इस महत्वपूर्ण मॉक ड्रिल के दौरान अस्पताल प्रशासन का पूरा सहयोग रहा। इस अवसर पर मुख्य रूप से:
डॉ. संदीप द्विवेदी (सीएचसी अधीक्षक)
खेमराज (फार्मासिस्ट)
शिवशंकर वरुण ओपी (बीसीपीएम)
सहित भारी संख्या में अस्पताल के अन्य स्वास्थ्यकर्मी, वार्ड बॉय, महिला मरीज और उनके तीमारदार मौजूद रहे। अस्पताल प्रबंधन ने अग्निशमन विभाग की इस अनूठी पहल का आभार व्यक्त करते हुए इसे बेहद उपयोगी बताया।
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— Voice of News 24 (@VOfnews24) June 27, 2026












