मेरठ रेंज: महाराणा प्रताप जयंती पर सुरक्षा के कड़े प्रबंध; 45 शोभायात्राओं और 19 प्रतिमाओं पर पुलिस का कड़ा पहरा, डीआईजी कलानिधि नैथानी ने जारी किए निर्देश

मेरठ/बुलंदशहर

आगामी 9 मई 2026 को मनाई जाने वाली ‘महाराणा प्रताप जयंती’ के अवसर पर कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए मेरठ रेंज के पुलिस महानिरीक्षक डीआईजी कलानिधि नैथानी ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं।पूरी जानकारी के लिए पढ़िए वाॅइस ऑफ़ न्यूज 24 की खास रिपोर्ट।

आगामी 9 मई 2026 को मनाई जाने वाली ‘महाराणा प्रताप जयंती’ के अवसर पर कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए मेरठ रेंज के पुलिस महानिरीक्षक (डीआईजी) कलानिधि नैथानी ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं। पूरे परिक्षेत्र में शांतिपूर्ण ढंग से कार्यक्रम संपन्न कराने के लिए भारी पुलिस बल की तैनाती के साथ-साथ संवेदनशील स्थानों पर पैनी नजर रखी जा रही है।

सुरक्षा का अभेद्य किला: भारी पुलिस बल तैनात

कानून-व्यवस्था को चुस्त-दुरुस्त रखने के लिए परिक्षेत्र के जनपदों में पुलिस बल का बड़ा बेड़ा उतारा गया है।

05 अपर पुलिस अधीक्षक, 20 सीओ, 64 निरीक्षक, 197 उप-निरीक्षक, 272 मुख्य आरक्षी, 440 आरक्षी और 180 होमगार्ड/पीआरडी जवानों की ड्यूटी लगाई गई है।सुरक्षा में किसी भी चूक को रोकने के लिए 01 कंपनी पीएसी को भी मुस्तैद रखा गया है।

रेंज में कार्यक्रमों और प्रतिमाओं का विवरण

मेरठ रेंज के जनपदों में प्रतिमाओं और प्रस्तावित शोभायात्राओं की स्थिति इस प्रकार है।

प्रतिमाएं (कुल 19): हापुड़ में सर्वाधिक 11, बुलंदशहर में 05, मेरठ में 02 और बागपत में 01 प्रतिमा स्थापित है।

शोभायात्रा (कुल 45): बुलंदशहर में सबसे ज्यादा 35, हापुड़ में 06 और मेरठ में 04 शोभायात्राएं निकाली जाएंगी।

हॉटस्पॉट: प्रशासन ने सुरक्षा के लिहाज से 15 संवेदनशील हॉटस्पॉट चिन्हित किए हैं, जिनमें बुलंदशहर में 13 और हापुड़ में 02 स्थान शामिल हैं।

डीआईजी ने दिए सख्त निर्देश: नई परंपरा की अनुमति नहीं

डीआईजी मेरठ रेंज कलानिधि नैथानी ने सभी जनपद प्रभारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं।

परंपरा का पालन: किसी भी हाल में नई या विवादित परंपरा की अनुमति नहीं दी जाएगी।

दंगा निरोधक उपकरण: ड्यूटी पर तैनात सभी पुलिसकर्मी हेलमेट, बॉडी प्रोटेक्टर और दंगा निरोधक उपकरणों से लैस रहेंगे।

सोशल मीडिया पर नजर: डिजिटल वालंटियर्स के माध्यम से भ्रामक सूचनाओं और आपत्तिजनक पोस्ट पर तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।

वीडियोग्राफी: प्रमुख कार्यक्रमों और शोभायात्राओं की वीडियोग्राफी और फोटोग्राफी कराई जाएगी।

प्रशासनिक समन्वय और गोष्ठियाँ

सफल आयोजन के लिए पुलिस ने अब तक 103 शांति समिति/धर्मगुरुओं के साथ बैठकें की हैं। वहीं, नगर निगम, स्वास्थ्य और विद्युत विभाग जैसे अन्य विभागों के साथ 81 गोष्ठियाँ कर समन्वय स्थापित किया गया है ताकि बिजली और साफ-सफाई जैसी व्यवस्थाएं निर्बाध रूप से चलती रहें।

Voice Of News  24